छत्तीसगढ़ के सारंगढ़ कोसीर थाना के सामने कांग्रेस के खिलाफ जमकर गरजे दीनानाथ।
भाजपा नेत्री नंदिनी वर्मा ने कहा हम भी है डॉ. रमन, भूपेश हमें भी करो गिरफ्तार।
सोशल मीडिया पर धरने की लाइव प्रसारण की गई इसके लिए पार्टी ने आई टी सेल को लगाया।
कोसीर/सारंगढ़ टूलकिट मामले में पूर्व मुख्यमंत्री डाॅ रमनसिंह के विरूध्द की गई एफआईआर के विरोध में सोमवार को भाजपा कोसीर मंडल के कार्यकर्ताओ ने दोहपर 3 बजे से 5 बजे तक दो घंटे कोसीर थाने के सामने धरना प्रदर्शन कर हल्ला बोला। इस दौरान सड़क किनारे शिव मंदिर के चबूतरे में पीपल पेड़ की छाव में बैठकर भाजपा का पांच प्रमुख नेताओं की टोली जिसमे दीनानाथ खुंटे, जीवन रात्रे, नन्दिनी वर्मा, देवकुमारी लहरे एवं भूषण चन्द्रा ने भूपेश सरकार के विरूध्द धरना प्रदर्शन किया। इस दौरान कोरोना गाइडलाइन का पालन भी किया गया। अपने उदबोधन प्रदेश पदाधिकारी दीनानाथ खुंटे ने कहा कि हाल में हुए टूलकिट खुलासे से कांग्रेस पूरी तरह से बौखला गई है देश के सामने कांग्रेस का असली चेहरा सामने आने के बाद वह अपने इज्जत बचाने में जुट गई हैं उन्होने कहा कि कांग्रेस सत्ता का दुप्रयोग कर पूर्व मुख्यमंत्री के विरूध्द गलत एफआईआर दर्ज कराई है। यह निंदनीय और बदले की राजनीति है जिसका हम कड़े शब्दों में निंदा करते है।
कोसीर मंडल अध्यक्ष भूषण चंद्रा ने कहा कि भूपेश सरकार अब तानाशाही हो गई। अफसरशाही चल रही है टूलकिट में जिस प्रकार भारत की छबि खराब करने का प्रयास की गई है वह काफी शर्मनाक है। कांगे्स को देश से माफी मांगनी चाहिए कोसीर मंडल के महामंत्री सुखराम अनंत ने कहा कि कांग्रेस राज में सच बोलना अपराध हो गया है सच बोलने पर झूठी मामलो में फसा दिया जाता है पूर्व मुख्यमंत्री के विरूध्द की एफआईआर इसका प्रमाण है।
भाजपा के जिला कार्यकारिणी सदस्य नन्दिनी वर्मा ने कहा कि दोगली कांग्रेस की षडयंत्रकारी टूलकिट में कोविड को मोवीड नाम देकर आमजनमानस को बरगलाकर देश ओर दुनिया में भारत की क्षवि को धूमिल करने का प्रयास कोंग्रेस पार्टी कर रही है जिसकी हम निंदा करते है। अपने हाथ में तख्ती झंडा लिए भाजपा कार्यकर्ता गिरफ्तारी देने जाने लगे तब पुलिस ने उन्हें गेट पर रोक लिया और वापस भेज दिया इस दौरान नेताओ ने जमकर नारेबाजी की।
इस अवसर पर धरना प्रदर्शन में कोसीर मंडल के महामंत्री शिवम चंद्रा, गुलशन साहू, ओमकार मल्होत्रा, चंद्रशेखर खुंटे, पालेश्वर बनज सहित कई कार्यकर्ता उपस्थित थे।
रमेश कुमार यादव की रिपोर्ट